Tuesday, August 20, 2024

RSS crucial meet on Aug 31 to Sept 2 in Kerala ::: RSS protest against violence targeting Hindus in Bangladesh

 राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अखिल भारतीय समन्वय बैठक 31 अगस्त-1-2 सितंबर 2024 को केरल के पालक्काड में


राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अखिल भारतीय समन्वय बैठक इस वर्ष केरल के पालक्काड में इस माह दिनांक 31 अगस्त एवं 1 तथा 2 सितंबर 2024 को आयोजित हो रही है। तीन दिवसीय यह अखिल भारतीय बैठक सामान्यतः वर्ष में एक बार आयोजित की जाती है। पिछले वर्ष यह बैठक सितंबर 2023 में पुणे में संपन्न हुई थी। इस अखिल भारतीय समन्वय बैठक में संघ प्रेरित विविध संगठनों में कार्यरत संगठन के प्रमुख पदाधिकारी सहभागी होते हैं। 


यह सभी संगठन समाज जीवन के विभिन्न क्षेत्रों के सकारात्मक कार्यों में लोकतांत्रिक पद्धति से सामाजिक परिवर्तन के कार्य में सक्रिय रहते है।

 

बैठक में विविध संगठन के कार्यकर्ता अपने कार्य की जानकारी तथा अनुभवों का निवेदन तथा आदान-प्रदान करेंगे। राष्ट्रीय हित के विभिन्न विषयों के संदर्भ में वर्तमान परिदृश्य, हाल में हुई महत्वपूर्ण घटनाओं तथा सामाजिक परिवर्तन के अन्यान्य आयामों पर योजनाओं के संदर्भ में बैठक में चर्चा होगी। सभी संगठन विविध विषयों पर परस्पर सहयोग तथा समन्वय को और अधिक बढ़ाने हेतु आवश्यक उपायों पर भी चर्चा करेंगे।

 

इस बैठक में पूजनीय सरसंघचालक डॉ. मोहन जी भागवत, माननीय सरकार्यवाह श्री दत्तात्रेय होसबाले सहित संघ के सभी छह सह सरकार्यवाह और अन्य प्रमुख पदाधिकारी भाग लेंगे। इस बैठक में  राष्ट्र सेविका समिति, वनवासी कल्याण आश्रम, विश्व हिंदू परिषद, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, भारतीय जनता पार्टी, भारतीय किसान संघ, विद्या भारती, भारतीय मजदूर संघ सहित 32 संघ प्रेरित विविध संगठनों के राष्ट्रीय अध्यक्ष, संगठन मंत्री एवं प्रमुख पदाधिकारी सहभागी होंगे।




विगत कुछ दिनों से बांग्लादेश में चल रहे आंदोलन के पश्चात सत्ता परिवर्तन के दौरान एवं उसके बाद हिंदू, बौद्ध क्रिशचन तथा वहाँ के अन्य अल्पसंख्यक समुदायों के साथ लगातार हिंसा की घटनाएं हो रही है। यह पूरे भारत सहित विश्व के लिए भी चिंता का विषय है। सभ्य समाज में ऐसी घटनाओं का कोई स्थान नहीं है। बांग्लादेश में रह रहे अल्पसंख्यकों के नरसंहार को रोकना ही होगा। 


बांग्लादेश में हिंदू तथा अन्य अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों की लक्षित हत्या, लूटपाट, आगज़नी, महिलाओं के साथ जघन्य अपराध तथा मंदिर एवं अन्य श्रद्धास्थानों पर हमले जैसी असहनीय क्रूरता के खिलाफ एवं अत्याचार समाप्त करने के लिए भारत सहित पूरे विश्व में प्रयास हों इसके लिए नारी शक्ति फोरम द्वारा शुक्रवार 16 अगस्त 2024 को दिल्ली के मंडी हाउस से जंतर मंतर तक मौन विरोध प्रदर्शन नारी शक्ति मार्च के रूप किया गया। 


इस मार्च में समाज जीवन के सभी क्षेत्रों में कार्यरत एवं सक्रिय महिलाओं ने हिस्सा लिया। इसमें बड़ी संख्या में प्रोफेसर, अध्यापिकाएं, डॉक्टर, महिला अधिवक्ता, बैंककर्मी, इंजीनियर, नर्स, गृहणी,   उद्योगकर्मी, रिटायर्ड आईपीएस, आईएफएस और आईएएस महिला अधिकारी शामिल थीं। बांग्लादेश में प्रताड़ना के शिकार बने हिंदू, बौद्ध इत्यादि समुदायों के साथ एकजुटता का प्रदर्शन करने तथा उनके साथ हो रही हिंसा का विरोध करने के लिए एवं उपस्थित जन समुदाय ने अपने मुख पर काली पट्टी बांध रखी थी। 

नारी शक्ति फोरम की संयोजिका मोनिका अरोड़ा, पदमश्री से सम्मानित जानी-मानी कथक नृत्यांगना उमा शर्मा, 
बांग्लादेश में भारत की राजनियक रहीं सीमा सीकरी तथा जेएनयू की प्रोफेसर ज्योति राज एवं अनेक प्रबुद्ध महिलाओं ने मंडी हाउस एवं जंतर मंतर पर इस प्रदर्शन को संबोधित किया।

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